मणिपुर चुनाव: टिकट नहीं मिलने से भाजपा नेताओं ने कांग्रेस के लिए पार्टी छोड़ी

N. Biren Singh

समर्थकों ने पार्टी कार्यालयों में की तोड़फोड़, इन विधायकों ने ली कांग्रेस में एंट्री, पढ़े पूरा मामला

N. Biren Singh
समर्थकों ने पार्टी कार्यालयों में की तोड़फोड़, इन विधायकों ने ली कांग्रेस में एंट्री, पढ़े पूरा मामला

कोनराड संगमा की एनपीपी (NPP)

मंगलवार को मणिपुर विधानसभा चुनाव के लिए टिकट से वंचित होने के बाद, भारतीय जनता पार्टी के कई नेता कांग्रेस और अन्य दलों में शामिल हो गए है। भाजपा ने रविवार को चुनाव के लिए 60 उम्मीदवारों की पूरी सीट जारी की थी।

पार्टी कार्यालयों में की तोड़फोड़, भाजपा के झंडे को लगाई आग

सूची जारी होने के बाद, टिकट के इच्छुक लोगों के समर्थकों ने पार्टी कार्यालयों में तोड़फोड़ की, भाजपा के झंडे को आग लगा दी। इसके बाद भी लोगों ने नरेंद्र मोदी और मणिपुर के सीएम के पुतले बनाए। अंत में उन्होंने उनके पुतलों को आग से जला दिया और नारेबाजी की।

यह नेता हुए कांग्रेस में शामिल

पार्टी द्वारा 60 उम्मीदवारों की सूची में कांग्रेस और अन्य राजनीतिक दलों के एक दर्जन से अधिक दलबदलुओं को शामिल किए जाने से प्रदर्शनकारी नाराज थे। सोमवार को बीजेपी के मौजूदा विधायक पी शरत चंद्र सिंह, पूर्व मंत्री निंगथौजम बिरेन और बीजेपी के आकांक्षी उम्मीदवार निंगथौजम जॉयकुमार सिंह कांग्रेस में शामिल हो गए।

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पी शरत चंद्र सिंह के अलावा, एम रामेश्वर और वाई इराबोट अन्य मौजूदा विधायक हैं जिन्हें टिकट से वंचित कर दिया गया है, हिंदुस्तान टाइम्स ने बताया। रामेश्वर और इराबोट ने अभी पार्टी बदलने पर फैसला नहीं किया है। मणिपुर कांग्रेस के उपाध्यक्ष और प्रवक्ता के.एच. देवव्रत ने भाजपा के दलबदलुओं का स्वागत किया।

देवव्रत ने बताया, “हमने पहले ही 40 उम्मीदवारों की सूची घोषित कर दी है और दो या तीन दिनों में एक और सूची जारी कर दी जाएगी।” “लेकिन अब, कई भाजपा नेता जिन्हें टिकट से वंचित कर दिया गया था, वे हमसे संपर्क कर रहे हैं और कांग्रेस के प्रति निष्ठा का वादा कर रहे हैं। हम उनका स्वागत करने के लिए तैयार हैं।”

पांच अन्य नेता – एन मांगी, एस सुभाष चंद्र, आरके रामेश्वर, खैपाओ हाओकिप और नेहमी नथांग हाओकिप – मणिपुर में भाजपा के गठबंधन सहयोगी नेशनल पीपुल्स पार्टी में शामिल हो गए। मुख्यमंत्री कोनराड संगमा के नेतृत्व वाली नेशनल पीपुल्स पार्टी इस बार भगवा पार्टी के साथ चुनाव नहीं लड़ रही है।

संगमा ने एनडीटीवी को बताया कि नेशनल पीपुल्स पार्टी पिछले चुनावों की तुलना में कहीं अधिक उम्मीदवार उतारेगी और उसके पास “अच्छे टिकट चाहने वाले” हैं जो अन्य पार्टियों से स्विच करना चाहते हैं।

संगमा ने कहा, “पूर्वोत्तर में, उम्मीदवार पार्टी से ज्यादा महत्वपूर्ण है, इसलिए हम जो देख रहे हैं वह अच्छे उम्मीदवार हैं।” मणिपुर की 60 सीटों पर दो चरणों में 27 फरवरी और तीन मार्च को मतदान होना है।